धामी को धाकड़ नहीं, अब धुरंधर बन चुके हैं!
धामी को धाकड़ नहीं, अब धुरंधर बन चुके हैं!
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कम शब्दों में कहें तो, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को "धुरंधर" करार दिया है। उन्होंने धामी सरकार की चार साल की उपलब्धियों की सराहना की और कहा कि यह सरकार मिसाल बनी है।
हल्द्वानी। धामी सरकार के "चार साल बेमिसाल" कार्यक्रम के तहत रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक विशाल जनसभा में कहा कि धामी अब केवल धाकड़ नहीं, बल्कि धुरंधर बन चुके हैं। उनका कहना है कि धामी आने वाले 2027 के चुनाव में छक्के मारकर तीसरी बार मुख्यमंत्री बनेंगे।
शनिवार को स्थानीय एमबी इंटर कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में राजनाथ सिंह ने धामी सरकार के चार साल की उपलब्धियों की मुक्त कंठ से सराहना की। उन्होंने उत्तराखंड के शहीदों को नमन करते हुए कहा कि यह देवभूमि आस्था, अध्यात्म, ऋषि-मुनियों और तपस्वियों की भूमि है। यहां के लोग सौम्य, मेहनती और राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत हैं।
उन्होंने मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व की तारीफ करते हुए कहा कि राज्य निरंतर विकास की ओर अग्रसर है और आज देश के अग्रणी राज्यों में अपनी मजबूत पहचान बना रहा है। रक्षा मंत्री ने कहा कि धामी संविधान को लागू करने के साथ-साथ जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत तेजी से काम कर रहे हैं।
धामी सरकार का विकास मॉडल
रक्षा मंत्री ने उत्तराखंड की 25 वर्ष की यात्रा को बलिदान, संघर्ष और विकास की कहानी बताया। उन्होंने कहा कि राज्य में सड़क, रेल, हवाई कनेक्टिविटी, बिजली, पर्यटन और कौशल विकास जैसे क्षेत्रों में तेजी से कार्य हो रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में धामी की सरकार राज्य के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। उन्होंने बताया कि छोटे राज्य होने के बावजूद उत्तराखंड ने हर क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। राज्य की जीडीपी में भी वृद्धि हुई है, जो विकास की गति को दर्शाता है।
महत्वपूर्ण निर्णय और योजनाएं
रक्षा मंत्री ने धामी सरकार के महत्वपूर्ण निर्णयों जैसे यूनिफॉर्म सिविल कोड, नकल विरोधी कानून, अतिक्रमण हटाने और सीमांत गांवों के विकास को मील का पत्थर बताया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जिसने यूसीसी लागू किया है, जो सामाजिक न्याय का ऐतिहासिक कदम है।
अवैध घुसपैठ और अतिक्रमण पर उन्होंने कहा कि देवभूमि की पवित्रता और सुरक्षा बनाए रखना आवश्यक है। राज्य सरकार द्वारा हजारों अतिक्रमण हटाए गए हैं और अवैध गतिविधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर सीमांत क्षेत्रों के विकास के लिए ठोस प्रयास कर रही हैं।
युवाओं के लिए रोजगार और विकास
राजनाथ सिंह ने बताया कि "पहाड़ की जवानी और पानी" का उपयोग स्थानीय विकास के लिए होना चाहिए, जिससे युवाओं को रोजगार मिले और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी सरकार की उपलब्धियों का जिक्र किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले चार वर्षों में निवेश, पर्यटन, बुनियादी ढांचे और रोजगार के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। उन्होंने ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के माध्यम से बड़े निवेश समझौतों का भी उल्लेख किया।
इस अवसर पर स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों की भी बड़ी संख्या मौजूद थी, जिसमें कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य, राज्यसभा सांसद महेन्द्र भट्ट, सहित अन्य लोग शामिल रहे।
इस कार्यक्रम में राज्य सरकार के चार वर्षों की उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं की झलक प्रस्तुत की गई। अधिक जानकारी के लिए यहां क्लिक करें.
सादर, टीम अमृता बाजार पत्रिका - सृष्टि वर्मा
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