बौराड़ी शराब ठेके के विरोध में सामाजिक संगठनों का जोरदार सांकेतिक धरना

Dec 2, 2025 - 14:44
 165  501.8k
बौराड़ी शराब ठेके के विरोध में सामाजिक संगठनों का जोरदार सांकेतिक धरना
बौराड़ी शराब ठेके के विरोध में सामाजिक संगठनों का जोरदार सांकेतिक धरना

बौराड़ी शराब ठेके के विरोध में सामाजिक संगठनों का जोरदार सांकेतिक धरना

Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Amrita Bazaar Patrika

टिहरी गढ़वाल, 2 दिसंबर। शहर कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप पंवार के नेतृत्व में आज विभिन्न सामाजिक संगठनों ने मिलकर बौराड़ी स्थित शराब के ठेके के सामने एक संगठित और प्रभावशाली सांकेतिक धरना दिया।

कम शब्दों में कहें तो, यह धरना उस हालिया घटना का विरोध करने के लिए आयोजित किया गया था, जिसमें एक व्यक्ति शराब के नशे में अपनी गाड़ी से कई वाहनों और लोगों को कुचल दिया। इस घटना के बाद स्थानीय निवासियों में भय और असुरक्षा की भावना व्याप्त हो गई है।

धरने में शामिल सामाजिक संगठनों ने शराब के ठेके को तत्काल मुख्य सड़क से हटाकर किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग की। उनके अनुसार, इस ठेके के कारण सड़क की सुरक्षा पर गंभीर खतरा पैदा हो रहा है। स्थानीय लोगों ने बताया कि यह स्थिति उनकी सुरक्षा को गंभीर चुनौती दे रही है।

धरने में मुरारी लाल खंडवाल (जिला अध्यक्ष कांग्रेस), मनीष सकलानी (नगर अध्यक्ष यूकेडी), प्रदीप रांगड़, और अन्य कई कार्यकर्ताओं के अलावा स्थानीय निवासियों ने भी भाग लिया। सभी ने एकजुट होकर प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि ऐसी घटनाओं पर नियंत्रण नहीं पाया गया, तो वे आगे और भी बड़े कदम उठाने के लिए तैयार हैं।

इस धरने के माध्यम से प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि वे दोषी के खिलाफ कठोर कार्रवाई करें, जिससे ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। स्थानीय जनता की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील करते हुए उन्हें आश्वासन दिया गया कि उनकी आवाज़ सुनी जाएगी।

स्थानिय लोगों का यह भी मानना है कि शराब ठेका न केवल स्थानीय सुरक्षा के लिए खतरा है बल्कि यह संपूर्ण क्षेत्र के विकास में भी बाधक है। उनके अनुसार, जिम्मेदार नागरिक होने के नाते, इस मुद्दे पर संवेदनशीलता दिखाना आवश्यक है।

यदि आपको और अधिक अपडेट्स चाहिए तो कृपया हमारी वेबसाइट पर जाएँ: amritabazaarpatrika.com.

यह विरोध प्रदर्शित करता है कि समाज में जागरूकता और सुरक्षा के प्रति कितनी जागरूकता बढ़ रही है। ऐसी घटनाओं के परिप्रेक्ष्य में सामाजिक संगठनों की एकजुटता निश्चित रूप से महत्वपूर्ण है।

**संदेश स्पष्ट है: स्थानीय निवासियों की सुरक्षा को लेकर आदर्श राजनीति की ज़रूरत है। नगर निगम और पुलिस को मिलकर ठोस कदम उठाने होंगे।**

सभी स्थानीय नागरिकों को अपनी आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया जाता है। जब तक समाज की आवाज़ सुनी नहीं जाएगी, तब तक इन मुद्दों का समाधान नहीं हो सकेगा।

सभी संगठनों ने एक नई पहल के तहत संकल्प लिया है कि वे स्थानीय लोगों को शिक्षित करने और सुरक्षा के प्रति जागरूक करने का कार्य जारी रखेंगे।

संतोषी झा
टीम अमrita बजार पत्रिका

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0